उमरिया। अंधविश्वास के शक में इंसानियत को शर्मसार करने वाला एक गंभीर मामला कोतवाली थाना क्षेत्र के ग्राम रोहनिया से सामने आया है। एक महिला ने कुछ लोगों पर उसे ‘सोधनिया’ (कथित तौर पर डायन) होने के शक में बंधक बनाने, मारपीट करने और गर्म चिमटे से उसकी उंगलियां दागने का आरोप लगाया है। पीड़िता सरोज बाई बैगा ने पुलिस अधीक्षक को शिकायत देकर मामले की निष्पक्ष जांच, आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई और अपनी सुरक्षा की मांग की है।
पीड़िता के अनुसार, घटना 30 अगस्त की शाम करीब 5 बजे की है। वह अपने घर के पास रास्ते में थी, तभी कौशिल्या बाई उसे काम के बहाने अपने घर के अंदर ले गई। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि वहां पहले से मौजूद कुछ लोगों ने उसे पकड़ लिया और बाल खींचकर जमीन पर घसीटते हुए मारपीट की। महिला का आरोप है कि इसके बाद गर्म चिमटे से उसकी उंगलियां दागी गईं और उसे ‘सोधनिया’ होने का आरोप लगाते हुए गाली-गलौज की गई। शिकायत में निरंजन सिंह, बिहारी सिंह, वीरेन्द्र सिंह, राजेन्द्र सिंह सहित अन्य लोगों के नाम भी बताए गए हैं।
पीड़िता के मुताबिक, घटना के दौरान उसके पति मुकेश बैगा को भी वहां बुलाया गया। इसके बाद दोनों को कथित तौर पर पिकअप वाहन में बैठाकर नयागांव स्थित एक पंडा के पास ले जाया गया। महिला का दावा है कि पंडा ने उसे ‘सोधनिया’ नहीं बताया, जिसके बाद दोनों को वापस लाया गया।
पीड़िता ने यह भी आरोप लगाया कि रास्ते में उसके पति का मोबाइल फोन छीन लिया गया, ताकि वह किसी से संपर्क न कर सके। साथ ही घटना की जानकारी देने या पुलिस में शिकायत करने पर दोनों को जान से मारने की धमकी देने और मामला दबाने के लिए पैसों का लालच देने का भी आरोप लगाया गया है।
महिला का कहना है कि उसने उमरिया कोतवाली में लिखित शिकायत दी थी, लेकिन उसकी रिपोर्ट दर्ज नहीं की गई। इसके बाद उसने पुलिस अधीक्षक से शिकायत कर आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई और सुरक्षा की मांग की है।