उमरिया (संवाद)। उमरिया जिले की दुर्दशा किसी से छिपी नहीं है। पूरे जिलेवासी इस बात के गवाह हैं कि लगभग साल भर से जिले में एसडीएम, अपर कलेक्टर सहित कई विभागों में अधिकारी नहीं है। दो अधिकारियों से पूरा जिला चलाया जा रहा है। अब उन्ही दोनों की अदला-बदली की गई है। वही कई विभागों में सालों से प्रभारियों को जिम्मेदारी सौंपी गई है।
दरअसल उमरिया जिले में बीते साल भर से ज्यादा समय हो चुका है जिसमें यहां अधिकारियों की भारी कमी देखी जा रही है। इसके पहले ऐसी स्थिति जिले की कभी नहीं रही है। जिले के 3 तहसीलों में मात्र दो एसडीएम काम कर रहे हैं। वही कई विभागों में सालों बीतने के बाद भी अधिकारी नहीं है। जिससे यहां पर प्रभारी राज कायम है। फिर चाहे वह स्वास्थ्य विभाग हो, आदिम जाति कल्याण, नगर पालिका सहित ऐसे कई विभाग हैं जहां सालों से अधिकारी मौजूद नहीं है। इसमें खास बात तो यह है कि यहां के जनप्रतिनिधि और ना ही प्रशासनिक मुखिया के द्वारा इसके लिए कोई प्रयास किए गए हैं।
इधर मानपुर तहसील में पदस्थ अनुविभागीय अधिकारी सिद्धार्थ पटेल को बांधवगढ़ तहसील का एसडीएम बनाया गया है। साथ ही इन्हें पाली तहसील का भी प्रभारी एसडीएम बनाया गया है। वही एसडीएम नेहा सोनी को पाली से हटाकर मानपुर तहसील का एसडीएम बनाया गया है। इस तरह इन दोनों अधिकारियों की अदला बदली की गई है।
