MP (संवाद)। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉक्टर मोहन यादव के द्वारा रविवार को सीधी जिले के दौरे के दौरान आम जनता और जनप्रतिनिधियों से मुलाकात और जिले की स्थिति के बारे में जानकारी लेने के बाद सीएम ने फिल्म “नायक” की तरह ऑन द स्पॉट फैसला किया है। उन्होंने सीधी जिले के कलेक्टर स्वरोचिस सोमवंशी को तत्काल हटाने के निर्देश दे दिए। सीएम के निर्देश के बाद प्रदेश के मुख्य सचिव ने कलेक्टर को हटाने का निर्देश जारी कर दिया।
दरअसल मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव रविवार को दो बड़े फैसले लिए हैं जहां उन्होंने सीधी जिले के कलेक्टर स्वरोचिस सोमवंशी को तत्काल हटाने के निर्देश दिए तो वही उन्होंने गुना जिले में पदस्थ पुलिस अधीक्षक अंकित सोनी को भी हटाने के निर्देश दिए हैं। इसके अलावा एमएसपी पर खरीदी समेत अन्य शिकायतों पर सीधी जिले के सहकारी बैंक के महाप्रबंधक पालीवाल को सस्पेंड कर दिया है। रविवार को मुख्यमंत्री उत्तर प्रदेश की मिर्जापुर से रीवा के रास्ते राजधानी भोपाल लौट रहे थे तभी मुख्यमंत्री का अचानक मिजाज बदला और वह शाम 4.40 बजे सीधी जिला मुख्यालय स्थित सर्किट हाउस पहुंच गए।

सीएम ने सर्किट हाउस में ही जिले के जनप्रतिनिधियों और आम जनता से लगभग 1 घंटे बातचीत किए इस दौरान जनप्रतिनिधियों और लोगों ने जिले के कलेक्टर स्वरोचिस सोमवंशी के खिलाफ कई गंभीर आरोप लगाए। तमाम गंभीर शिकायतों के आधार पर मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने सीधी जिले के कलेक्टर को तत्काल हटाने के निर्देश दे दिए इसके बाद तत्काल सामान्य प्रशासन विभाग के द्वारा उन्हें हटाने के निर्देश जारी करते हुए उनकी जगह 2013 बैच के आईएएस विकास मिश्रा को सीधी जिले की कमान सौंपी है।
वहीं हवाला कांड में शामिल गुना पुलिस से खपा मुख्यमंत्री डॉक्टर मोहन ने गुना में पदस्थ एसपी अंकित सोनी को हटा दिया है। उनकी जगह 2017 बैच की आईपीएस हितिका बंसल को गुना जिले का नया एसपी बनाया गया है। इसके अलावा आम जनता की शिकायतों के आधार पर सीधी जिला सहकारी बैंक के महाप्रबंधक स धनवाल को सस्पेंड किया गया है। सीएम डॉक्टर मोहन ने यह पूरी कार्यवाही मशहूर “फिल्म नायक” में एक दिन के सीएम बने अभिनेता अनिल कपूर की तरह ताबड़तोड़ कार्रवाई की है।