कटनी (संवाद)। जिले में अमृत सरोवर योजना के माध्यम से जिन क्षेत्रों में पानी कमी है उन जगहों पर जलसंरचना बनाकर बारिश के पानी को रोकने के लिए प्रशासन बड़ी तैयारी कर रहा है।
जिले के कलेक्टर प्रियांक मिश्रा ने जल अभिषेक कार्यक्रम के तहत जल संरक्षण बनाई जाएगी जल संरचना अमृत सरोवर योजना के तहत जल संरक्षण के लिए संबंधित विभाग के अधिकारियों को तत्परता से कार्य करने के लिए कहा है। उन्होंने कहा कि जल संरचनाओं के निर्माण के लिए ऐसे स्थानों का चयन किया जाए जहां बारिश के दिनों में अधिक से अधिक पानी का ठहराव हो सके। जिससे जलस्तर भी बढ़े, कलेक्टर ने कहा कि जल संरचनाओं से कृषकों को भी सिंचाई आदि की सुविधा मिल सके इसका भी ध्यान अधिकारी रखें। उन्होंने जिले में 125 स्थानों पर तालाब निर्माण के लिए स्थल चयन करने, तालाब निर्माण के लिए प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश दिए हैं। एसडीएम और जनपद पंचायत सीईओ के साथ तालाब निर्माण के लिए स्थल चयन करने और उसमें स्थानीय जनों व जनप्रतिनिधियों की राय भी शामिल करने के निर्देश कलेक्टर ने दिए हैं।
उन्होंने कहा कि नवीन निर्माण से पहले एसडीएम व सीइओ जनपद क्षेत्र के पुराने तालाबों की स्थिति का भी जायजा लें और जिन तालाबों की भूमि पर लोगों ने अतिक्रमण कर रखे हैं। उनको अतिक्रमण मुक्त कराते हुए दुरुस्त कराएं जिससे उनका भी उपयोग जल संरक्षण के दिशा में किया जा सके। तालाब निर्माण के लिए स्थल चयन सहित अन्य आवश्यक कार्यवाही 5 अप्रैल तक पूरी करने के निर्देश कलेक्टर ने अधिकारियों को दिए हैं। सरकार की मंशा अनुरूप अमृत सरोवर निर्माण के लिए कलेक्टर ने ऐसे स्थानों का चयन करने के निर्देश दिए जिन क्षेत्रों में पानी की समस्या है। कलेक्टर प्रियांक मिश्रा ने जलाभिषेक अभियान के दौरान अधिकारी-कर्मचारियों को बिना अनुमति के मुख्यालय नहीं छोड़ने के भी निर्देश दिए हैं।
राज्यपाल
श्री मंगुभाई पटेल ने कहा कि
भारतीय वन सेवा, महज प्रशासनिक
दायित्व नहीं बल्कि मानवता,
प्रकृति, वन्य जीव, सांस्कृतिक
धरोहर और भावी पीढ़ियों के
प्रति भी एक उत्तरदायित्व है।
आप सभी सौभाग् - 20/04/2026