एमपी (संवाद)। मध्यप्रदेश में एमपी बोर्ड की परीक्षाएं 1 मार्च 2023 से प्रारंभ हो रही है।जिसमे कक्षा 10 वीं की परीक्षा 1 मार्च से प्रारंभ होगी।वहीं हायर सेकेंडरी 12 वीं की परीक्षा 2 मार्च से प्रारंभ होगी। माध्यमिक शिक्षा मंडल (MP BOARD) के द्वारा परीक्षा में पारदर्शिता लाने के लिए इस बार मंडल ने उत्तर पुस्तिका, पेपर सेट समेत कई नियमों में बदलाव किया है। वही पहली बार केंद्रों पर विद्यार्थियों की बैठक व्यवस्था भी बदली गई। इसके तहत अब एक ही स्कूल के छात्र-छात्राएं परीक्षा हाल में एक पंक्ति यानी एक-दूसरे के आगे-पीछे नहीं बैठ पाएंगे। उनके बीच कुछ विद्यार्थियों का अंतर रहेगा, जो अन्य स्कूलों में पढ़ते हैं।
1 मार्च से 10वीं की परीक्षा
यह व्यवस्था पूरे प्रदेश में सरकारी और निजी स्कूल दोनों में बनाए गए सभी केंद्रों पर लागू की है। वही शिकायत मिलने पर केंद्राध्यक्ष पर सीधे कार्रवाई की जाएगी।बैठक व्यवस्था बदलने के साथ ही बोर्ड ने केंद्रों पर नकल रोकने के लिए उड़नदस्ते भी बनाए हैं।सबसे पहले 1 मार्च बुधवार से कक्षा 10वीं की परीक्षाएं शुरू होने जा रही है।पहले दिन 10वीं की कक्षा में हिंदी का पेपर कराया जाएगा और अंतिम पेपर 27 मार्च को होगा।सभी स्टूडेंट्स को 8 बजकर 30 मिनट तक सेंटर पर पहुंचना होगा। 8 बजकर 45 मिनट के बाद किसी भी स्टूडेंट्स को सेंटर पर एंट्री नहीं दी जाएगी।
2 मार्च से 12वीं की परीक्षा
वही 12वीं की परीक्षाएं 2 मार्च से शुरू होंगी जो 1 अप्रैल तक चलेंगी। उम्मीदवार एमपीबीएसई की आधिकारिक वेबसाइट- mpbse.nic.in पर एमपी बोर्ड 10वीं, 12वीं टाइम टेबल 2023 डाउनलोड कर सकते हैं। बता दें कि एमपी बोर्ड हाईस्कूल और इंटर की परीक्षा में असफल होने वाले छात्र-छात्राएं MP बोर्ड की पूरक परीक्षा में शामिल हो सकते हैं, जो कि जुलाई 2023 में निर्धारित है।
इन विषयों में लगेगा QR Code
बोर्ड परीक्षाओं में कक्षा 10वीं की हिंदी,उर्दू और अंग्रेजी की 32 पेज की कॉपी और संस्कृत की 20 पेज की कॉपी में क्यूआर कोड लगेगा। कक्षा 12वीं की अंग्रेजी,कैमेस्ट्री,इतिहास,व्यवसाय अध्ययन, मैथेमेटिक्स,बुक कीपिंग,समाजशास्त्र, इनफोमेंटिक प्रेक्टिस, भूगोल, उर्दू,संस्कृत एनएसएफक्यू, ब्यूटी वेलनेस, राजनीतिशास्त्र बायोलाजी, फिजिक्स,अर्थशास्त्र की 32 पेज और आईटी की 20 पेज की कॉपी में क्यूआर कोड लगेगा।
मुख्यमंत्री
डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि जिस
उर्वर धरती पर हमें जन्म मिला,
पोषण मिला, उसका संरक्षण हर
नागरिक का परम धर्म है। हमें
अपनी आने वाली पीढ़ियों के लिए
जल, जंगल और जमीन को हर हाल में
सुर - 22/04/2026